मंडी।हिमाचल प्रदेश में एसडीआरएफ लोगों को आपदा से निपटने के लिए ट्रेंड करेगा। कांगड़ा से इस प्रशिक्षण शिविर का श्रीगणेश किया जाएगा, जिसके बाद अन्य जिलों में भी यह प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे। कांगड़ा जिला के 2700 वालंटियर्स को एसडीआरएफ ट्रेंड करेगी।यह शिविर कांगड़ा में एसडीआरएफ द्वारा अगस्त के पहले सप्ताह से शुरू कर दिया जाएगा, जो 27 दिनों तक चलेगा। हर एक वालंटियर को दो दिनों तक आपदा से निपटने के गुर सिखाए जाएंगे। किसी भी आपदा की स्थिति में यह आपदा मित्र सबसे पहले प्रभावित स्थलों में पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों में जुटते हैं। हर वर्ष इन आपदा मित्रों को ड्रेंट किया जाता है, लेकिन इस बार एसडीआरएफ इन लोगों को आपदा से निपटना सिखाएगी। एसडीआरएफ द्वारा दिए जाने वाले प्रशिक्षण से आपदा मित्र त्रासदी से पार पाने के काबिल बनेंगे।हर जिला में डीडीएमए द्वारा आपदा मित्रों को पंजीकृत किया गया है। जिला प्रशासन समय-समय पर आपदा मित्रों को प्रशिक्षण देता रहता है। जिला में आपदा जैसी स्थिति में सबसे पहले यह आपदा मित्र राहत एवं बचाव कार्योंमें जुटते हैं। कांगड़ा में जहां 2,7000 आपदा मित्र हैं, मंडी जिला में 10,000 आपदा मित्र पंजीकृत हैं। हर जिला में आपदा मित्रों की संख्या 2,000 से अधिक है।हिमाचल प्रदेश एसडीआरएफ के एसपी अर्जित सेन के बताया कि हिमाचल प्रदेश के हर जिला में आपदा मित्रों को टें्रड किया जाएगा। यह आपदा मित्र जिला प्रशासन और डीडीएमए द्वारा पंजीकृत किए जाते हैं, जो किसी भी आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्य करते हैं। कांगड़ा में 27 दिनों तक प्रशिक्षण शिविर चलेगा, जिसमें लगभग 2700 आपदा मित्रों को प्रशिक्षित किया जाएगा।












