March 29, 2026 7:19 pm

नियोजित शहरीकरण को बढ़ावा देने के लिए समझौता ज्ञापन हस्ताक्षरित।

शिमला,मार्च।हिमाचल प्रदेश में नियोजित शहरीकरण ईको-सिस्टम तैयार करने के लिए आज यहां नगर एवं ग्राम नियोजन मंत्री राजेश धर्माणी की अध्यक्षता में प्रदेश सरकार और सेंटर ऑफ एक्सिलेंस इन अर्बन प्लानिंग एंड डिजाइन स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, नई दिल्ली के मध्य एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) हस्ताक्षरित किया गया।नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग की ओर से निदेशक हेमिस नेगी और स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर की ओर से निदेशक वीरेन्द्र कुमार पॉल ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए। इस एमओयू के अनुसार बिलासपुर, हमीरपुर और ऊना जिला के लिए क्षेत्रीय स्तर पर कार्य योजना तैयार की जाएगी।राजेश धर्माणी ने कहा कि यह साझेदारी प्रदेश के इन जिलों में व्यवस्थित शहरीकरण की शुरूआत करने में सहायक साबित होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश जिस तीव्रता के साथ विकास कर रहा है, इसके दृष्टिगत आने वाले समय में नए शहर राज्य की अनिवार्यता होंगे।  उन्होंने कहा कि स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर, नई दिल्ली के साथ सहयोग से प्रदेश में तकनीकी विशेषज्ञता अनुसंधान आधारित दृष्टिकोण तथा यहां की भौगोलिक स्थितियों को ध्यान में रखते हुए क्षेत्रीय स्तर की योजनाएं तैयार की जाएंगी। पर्यावरण संरक्षण को केन्द्र में रखकर तथा इन योजनाओं को तैयार किया जाएगा। सरकार की इस पहल से ग्रामीण-शहरी समन्वय को बढ़ावा मिलेगा और शहरों पर बढ़ते दबाव को कम करने में सहायता मिलेगी।इस अवसर पर नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी तथा स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर के प्रतिनिधि भी मौजूद थे।

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