इंदू वर्मा ने दल बल के साथ ज्वाइन की भाजपा, बिंदल ने पहनाया पटका,रोना रोने वाली है यह कांग्रेस सरकार, केंद्र को भेजना चाहिए धन्यवाद प्रस्ताव

शिमला। भाजपा दीपकमल चक्कर शिमला में ठियोग से इंदू वर्मा ने दल बल के साथ भाजपा ज्वाइन की भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल ने उनका पटका, टोपी और माला पहना का पार्टी में स्वागत किया।वर्मा के साथ जिला परिषद सदस्य मदन वर्मा, पूर्व जिला परिषद सदस्य जोगिंदर ठाकुर, पार्षद शीला वर्मा, प्रधान परिषद के अध्यक्ष हरी राम, गिरजानंद शर्मा, सेवा निवृत जगदीश कंवर, हिमिंदर सहित अनेकों बीएडसी सदस्य और प्रधानों ने भाजपा का दामन थामा। इस कार्यक्रम में विधायक बलबीर वर्मा, प्रवक्ता संदीपनी भारद्वाज, मीडिया प्रभारी कर्ण नंदा, कोषाध्यक्ष कमलजीत सूद, प्यार सिंह कंवर,रमा ठाकुर, किरण बावा, सुशील राठौर, जिला अध्यक्ष अरुण फालटा उपस्थित रहे।इस अवसर पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल कहा कि प्रदेश की वर्तमान कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने के लिए अनेकों प्रकार के हथकंडे अपनाए। माताओं-बहनों और बेरोजगार युवकों को झूठे प्रभोलन दिए। कांग्रेस पार्टी द्वारा झूठी गारंटी देकर कहा गया कि पहली कैबिनेट के अन्दर 22 लाख बहनों को 1500 रूपये और बेरोजगार युवकों को 1 लाख सरकारी नौकरियां देंगे। परन्तु सत्ता में आने के बाद प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने जो कहा वह काबिले तारिफ है।सुक्खू ने कहा कि हम 5 साल के लिए चुन के आये है, हम अपने काम को करेंगे। पहली कैबिनेट में 1 लाख सरकारी नौकरियां देना तो दूर, नौकरियां देने वाला संस्थान ही बंद कर दिया।प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस सरकार तीन महीने तक हिमाचल प्रदेश की जनता को एक राग-अलापा करती रही कि खजाना खाली है। तीन महीनों के बाद कांग्रेस सरकार श्वेत पत्र लाई और कहा गया कि देश पर बहुत बड़ा कर्ज है। श्वेत पत्र लाकर 75 हजार करोड़ रुपये का कर्ज दिखाया गया और 75 हजार करोड़ में से 62 हजार करोड़ कांग्रेस ने हिमाचल प्रदेश की जनता को दिया। 15 महीनों में ही कांग्रेस सरकार ने 18 हजार करोड़ रुपये का कर्ज ले लिया।उन्होंने कहा कि आपदा के समय भारतीय जनता पार्टी चट्टान की तरह से हिमाचल प्रदेश की जनता के साथ और सरकार के साथ खड़ी रहीं। परन्तु इस सरकार ने बीजेपी को कोसने का काम किया।
1782 करोड़ रूपये केंन्द्र की मोदी सरकार ने आपदा के समय हिमाचल को दिए। लगभग 21 हजार मकान दिए। 1000 करोड़ रूपय मनरेगा के लिए अतिरिक्त दिए। परन्तु 16 महीने बाद भी केवल और केवल यह कांग्रेस सरकार बीजेपी को कोसती रही।जब जनता त्रस्त हो गई। जनता की अपेक्षाएं-उम्मीदें समाप्त हो गई। जनता सड़कों पर उतरने को मजबूर हो गई। ओले पडते़ रहे, बरफ पड़ती रही, धरना देने वालों के टेंटों के अंदर पानी घुस गया, लेकिन किसी ने उनके दुख को नहीं सुना, उनके हालत को नहीं पूछा।जनता जब कष्ट में थी तब उन कष्टों का प्रभाव समाज के चुने हुए प्रतिनिधियों और कांग्रेस के विधायक पर पड़ा। यहां तक उन विधायकों ने सरकार के खिलाफ़ सीधा मोर्चा खोला, क्योंकि उनके विधानसभा क्षेत्रों की जनता त्रस्त हुई। इसके दौरान सरकार फिर फेल हुई और फिर कांग्रेस सरकार ने बीजेपी को कोसने का काम किया।
उन्होनें कहा कि 18 महीने का समय कांग्रेस की सरकार ने केवल बीजेपी को गाली देकर के समाप्त करके प्रदेश की जनता की अपेक्षाओं को दरकिनार कर दिया और चुनाव आते ही फिर से नई काठ की हांडी में डाल करके परोसने का काम शुरू कर दिया। नई गारंटिया नए तरीके से नए फार्म भरने का काम शुरू किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल की जनता बखूबी जान गई है कि वर्तमान सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है और अब यह सरकार वेन्टिलेटर पर जा चुकी है। यह हिमाचल की जनता जान गई है।  अगर 5-7 साल में जो भी विकास हिमाचल प्रदेश का हुआ है तो उसके पीछे केवल और केवल नरेंद्र मोदी की सरकार है। कांगड़ा से शिमला का फोरलेन नेशनल हाइवे बन रहा है, पठानकोट से मंडी की सड़क बन रही ह,ै कीरतपुर से लंबी-लंबी टनल्स बनाकर के मनाली तक फ़ोरलेन हाइवे बन रहा है तो वो मोदी की देन है। आज कीरतपुर से 1 घंटे में सुंदरनगर पहुँच जाते हैं। आज हवाई जहाज से जाने वालों की संख्या लगभग नगण्य हो गयी है। अटल टनल रोहतांग और अन्य सड़कों के निर्माण लगभग 42,000 करोड़ रुपये के फोरलेन नेशनल हाइवेज हिमाचल प्रदेश में निर्माणाधीन है। 1 लाख करोड़ रुपये के नए प्रोजेक्ट मोदी सरकार ने स्वीकृत किए हैं जिसकी घोषणा तीन महीने पहले नितिन गडकरी हिमाचल में कर गए।हिमाचल प्रदेश के लिए 27 हजार किलोमीटर ग्रामीण सड़कें भी प्रधानमंत्री मोदी की देन है। ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइन्स हिमाचल प्रदेश में सबसे पहले शुरू हुआ और 1475 करोड़ रूपया जिसके ऊपर व्यय करके आज वो देश का नामी संस्थान बनने जा रहा है जहाँ हिमाचल के लोगों को बेहतरीन चिकित्सा मिले। तीन मेडिकल कॉलेज के लिए 250-250 करोड़ रूपये, ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल साइन्स इसके साथ-साथ आईआईएम सिरमौर 500 करोड़ रूपये की लागत से संस्थान बनकर तैयार हो चुका है। यह हिमाचल प्रदेश के लिए मोदी की विशेषता है।पेयजल योजनाओं के अंदर 8 लाख घरों को कनेक्शन देना। लगभग हिमाचल प्रदेश के 10 लाख से ज्यादा किसानों को किसान सम्मान निधि देना। 12 लाख से अधिक लोगों को आयुष्मान का लाभ देना। हिमाचल की 60 प्रतिशत से अधिक जनता को मुफ्त राशन उपलब्ध करवाना यह मोदी की सरकार ही कर सकती है।उन्होंने कहा कि केन्द्र के लगातार सहयोग और हिमाचल प्रदेश सरकार का नकारात्मक दृष्टिकोण इन दोनों चीजों को लेकर भारतीय जनता पार्टी चुनाव अभियान में जुटी हुई है। प्रदेश सरकार ने हिमाचल प्रदेश के जनमानस को ठगा है और केंद्र की मोदी सरकार ने हिमाचल प्रदेश और देश के अंदर एक विशिष्टता सेवा, समर्पण और राष्ट्रवाद के रूप में दी है। भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने वालों का कारवां लंबा हो रहा है और यह कड़ी अभी जारी रहेगी।