April 12, 2026 2:57 pm

राजस्व के नाम पर युवाओं का भविष्य दांव पर — हिमाचल में लॉटरी लाने की साजिश नहीं चलेगी : राकेश जमवाल।

शिमला,मार्च।हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार द्वारा लॉटरी प्रणाली को पुनः शुरू करने की तैयारी ने प्रदेश की जनता को गहरी चिंता में डाल दिया है। विधानसभा में सुन्दरनगर के विधायक राकेश जमवाल द्वारा उठाए प्रश्न पर विधानसभा में सरकार द्वारा दिए गए जवाब से साफ हो गया है कि वर्ष 2026 के तहत लॉटरी शुरू करने की पूरी रूपरेखा तैयार की जा रही है और टेंडर प्रक्रिया से लेकर कैबिनेट स्तर तक इस पर तेजी से काम हो रहा है। यह निर्णय न केवल दुर्भाग्यपूर्ण है बल्कि प्रदेश के सामाजिक ताने-बाने के लिए एक गंभीर खतरा है। विधायक राकेश जमवाल ने कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि सरकार राजस्व बढ़ाने के नाम पर प्रदेश के युवाओं को जुए और लालच की ओर धकेलने का प्रयास कर रही है। लॉटरी टिकटों पर जीएसटी और अन्य करों से आय बढ़ाने की दलील देना पूरी तरह से भ्रामक और गैर-जिम्मेदाराना है। सरकार को यह बताना चाहिए कि क्या उसने इस फैसले के सामाजिक, आर्थिक और मानसिक प्रभावों का कोई वैज्ञानिक या प्रशासनिक आकलन किया है, या फिर केवल खजाना भरने के लिए यह खतरनाक रास्ता चुना जा रहा है।जमवाल ने कहा कि हिमाचल प्रदेश कोई सामान्य राज्य नहीं बल्कि देवभूमि है, जहां की पहचान शांति, संस्कार और सामाजिक संतुलन से होती है। पूर्व में भी लॉटरी और चिट्ठी जैसी व्यवस्थाओं के दुष्परिणाम सामने आ चुके हैं, जहां कई परिवार आर्थिक और मानसिक रूप से बर्बाद हुए। युवाओं का भविष्य अंधकार में चला गया। ऐसे में उसी बुराई को दोबारा लागू करना सरकार की संवेदनहीनता को दर्शाता है।उन्होंने कांग्रेस सरकार की नीयत पर सवाल उठाते हुए कहा कि जो सरकार सत्ता में आने से पहले एक लाख सरकारी नौकरियों की गारंटी दे रही थी, वह आज अपने वादों में पूरी तरह विफल साबित हो चुकी है। रोजगार देने में असमर्थ सरकार अब लॉटरी के माध्यम से युवाओं को भ्रमित कर रही है। यह स्पष्ट रूप से अपनी नाकामियों को छुपाने और जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश है।राकेश जमवाल ने कहा कि सरकार यह तर्क दे रही है कि अन्य राज्यों में भी लॉटरी चल रही है, लेकिन हिमाचल की परिस्थितियां और सामाजिक संरचना अन्य राज्यों से पूरी तरह अलग है। यहां के लोगों की भावनाओं, संस्कृति और सामाजिक प्रभावों को नजरअंदाज कर लिया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है।उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी इस निर्णय का हर स्तर पर विरोध करेगी। यदि सरकार ने इस बुराई को हिमाचल प्रदेश में लागू करने की कोशिश की, तो भाजपा सड़कों से लेकर विधानसभा तक जोरदार आंदोलन करेगी और जनता के साथ मिलकर इस फैसले को किसी भी कीमत पर लागू नहीं होने देगी।विधायक राकेश जमवाल ने कहा कि प्रदेश के युवाओं का भविष्य किसी भी कीमत पर दांव पर नहीं लगाया जा सकता। सरकार को तुरंत इस निर्णय को वापस लेना चाहिए और प्रदेश के विकास तथा रोजगार सृजन के सकारात्मक विकल्पों पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए, न कि समाज को पतन की ओर ले जाने वाले कदम उठाने चाहिए।

और पढ़ें

साढ़े तीन साल में कांग्रेस सरकार ने हिमाचल की जनता की कमर तोड़ी, कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त”“₹45,000 करोड़ कर्ज, महंगाई की मार और ताला-बंदी मॉडल—सुखु सरकार ने प्रदेश को विनाश की ओर धकेला”: डॉ. राजीव बिंदल

“राज्य स्तरीय हरौली उत्सव बना कांग्रेस का राजनीतिक मंच—‘व्यवस्था परिवर्तन’ नहीं, ‘व्यवस्था पतन’ का उदाहरण”“SDM चेयरमैन, DC की देखरेख में सरकारी कार्यक्रम—फिर भी कांग्रेस प्रभारी से समापन, खुला सत्ता दुरुपयोग” राकेश जमवाल

MarketingHack4U

Cricket Live Score

Corona Virus

Rashifal

और पढ़ें

साढ़े तीन साल में कांग्रेस सरकार ने हिमाचल की जनता की कमर तोड़ी, कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त”“₹45,000 करोड़ कर्ज, महंगाई की मार और ताला-बंदी मॉडल—सुखु सरकार ने प्रदेश को विनाश की ओर धकेला”: डॉ. राजीव बिंदल

“राज्य स्तरीय हरौली उत्सव बना कांग्रेस का राजनीतिक मंच—‘व्यवस्था परिवर्तन’ नहीं, ‘व्यवस्था पतन’ का उदाहरण”“SDM चेयरमैन, DC की देखरेख में सरकारी कार्यक्रम—फिर भी कांग्रेस प्रभारी से समापन, खुला सत्ता दुरुपयोग” राकेश जमवाल

error: Content is protected !!