शिमला। भारत-तिब्बत के साथ लगते चीन के बॉर्डर को देखने के लिए अब पर्यटक जा सकेंगे। केंद्र सरकार ने शिपकिला दर्रा को खोलने की इजाजत दे दी है, जहां पर टूरिस्ट पहुुंच सकेंगे। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू 10 जून को शिपकिला टॉप पर मौजूद रहेंगे, जहां से टूरिस्ट बॉर्डर देखने जा सकते हैं। 10 जून को इसे खोल दिया जाएगा। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू नौ जून को कल्पा में होंगे और 10 जून को वह शिपकिला टॉप पर पहुंचेंगे। यहां टूरिस्ट्स का स्वागत किया जाएगा। प्रदेश सरकार के राजस्व एवं बागबानी मंत्री जगत सिंह नेगी ने पत्रकारों से अनौपचारिक बात करते हुए बताया कि आजादी के बाद से शिपकिला दर्रे को बंद कर दिया गया था और 10 जून को इसे खोला जा रहा है, जो कि ऐतिहासिक दिन होगा। लोग यहां बॉर्डर को देखने आ सकेंगे, जो कभी भी यहां तक नहीं पहुंचे। पर्यटकों के लिए यह बड़ा आकर्षण होगा और मुख्यमंत्री इस दिन यहां पर मौजूद रहेंगे।उन्होंने कहा कि आधार कार्ड के जरिए लोगों को आर्मी बॉर्डर पर जाने के लिए भेजेगी। इसके लिए कोई ज्यादा औपचारिकताएं पूरी नहीं करनी होंगी। उन्होंने केंद्र सरकार से कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए किन्नौर की तरफ से भी रास्ता खोलने की मांग की। उन्होंने कहा कि इस यात्रा में बहुत कम लोग जा पाते हैं, जबकि यह असंख्य लोगों की आस्था से जुड़ा हुआ है। एक अन्य सवाल पर जगत सिंह नेगी ने भाजपा की तिरंगा यात्रा को लेकर आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि जिस पार्टी के नेता कभी तिरंगे को नहीं मानते थे, वे अब तिरंगा यात्रा निकाल रहे हैं। उन्होंने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा की तिरंगा यात्रा को लकर कटाक्ष किया।मंत्री जगत सिंह नेगी ने एक सवाल के जवाब में कहा कि पूर्व जयराम सरकार के समय में तत्कालीन सांसद स्व. रामस्वरूप शर्मा का रहस्यमयी परिस्थितियों में देहांत हुआ। आज तक उनकी मौत का रहस्य कायम है। उनके परिवार के लेाग लगातार पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से लगातार सीबीआई जांच की मांग करते रहे, लेकिन उन्होंने नहीं करवाई। इस पर जयराम ठाकुर को जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब उनका परिवार मांग कर रहा था, जब सीबीआई की जांच क्यों नहीं करवाई गई। इसके विपरीत राज्य सरकार स्व. विमल नेगी मामले में हर तरह की जांच करवाने के लिए तैयार थी। उनका परिवार उच्च न्यायालय में गया, जहां से सीबीआई जांच के आदेश हुए, जिसका सरकार ने स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले में पूरी तरह से गंभीर थी और परिवार के लोगों ने जो भी मांग रखी, सरकार ने उसे पूरा किया। उन्होंने कहा कि सच्चाई जल्द सामने आनी चाहिए।













